Uncategorizedदेश-विदेश

Narendra Modi के 25 वर्षों के सार्वजनिक जीवन से भारत बना वैश्विक आर्थिक शक्ति: Amit Shah

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 25 वर्षों के सार्वजनिक जीवन की पहचान ‘‘दुर्लभ उपलब्धियों’’ से होती है, जिन्होंने भारत को वैश्विक आर्थिक और सुरक्षा ‘महाशक्ति’ के रूप में बदल दिया है। शाह ने यह भी विश्वास जताया कि 2029 से पहले भाजपा और राजग शासित सभी 21 राज्यों में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू कर दी जाएगी। प्रधानमंत्री मोदी के जन्मदिन 17 सितंबर से एक महीने तक चलने वाले ‘सेवा संकल्प अभियान’ की घोषणा करते हुए शाह ने कहा कि देश मोदी के राष्ट्र के प्रति 25 वर्षों की सेवा को याद करने के लिए इस अभियान का आयोजन करेगा। उन्होंने कहा कि इस अभियान के दौरान प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हासिल की गई प्रमुख आर्थिक, सुरक्षा, बुनियादी ढांचा और सामाजिक क्षेत्र की उपलब्धियों को पेश किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह वर्ष इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि मोदी सार्वजनिक जीवन में अपने 25 वर्ष पूरे कर रहे हैं। शाह ने कहा, ‘‘पहली बार देश ने एक मजबूत विदेश नीति देखी है।’’ उन्होंने कहा कि विदेश नीति और रक्षा नीति दोनों की नींव ‘भारत प्रथम’ रही है और देश के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई है। चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 7.8 प्रतिशत जीडीपी वृद्धि का उल्लेख करते हुए शाह ने कहा कि भारत ‘पांच कमजोर अर्थव्यवस्थाओं’ से निकलकर दुनिया की शीर्ष पांच अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हो गया है और अब प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में सबसे तेज गति से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था है। राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दे पर शाह ने कहा कि भारत ने सैनिकों और नागरिकों की जान लेने वाले आतंकवादी हमलों का मुंहतोड़ जवाब देने की नीति को प्रदर्शित किया है। उन्होंने कहा कि सर्जिकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक और ऑपरेशन सिंदूर ने आतंकवाद को कतई बर्दाश्त नहीं करने की नीति को साबित किया है। गृह मंत्री ने कहा कि ‘‘खून की एक बूंद बहाए बिना’’ अनुच्छेद 370 और 35ए को हटाया गया, जिसे कभी असंभव माना जाता था। उन्होंने कहा कि कश्मीर अब भारत के साथ पूरी तरह एकीकृत हो चुका है और अनुच्छेद 370 अब इतिहास बन चुका है। शाह ने ‘तीन तलाक’ को समाप्त किए जाने का भी उल्लेख किया और विश्वास जताया कि 2029 से पहले भाजपा और राष्ट्रीय जनतांत्रि शासित सभी 21 राज्यों में समान नागरिक संहिता लागू कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि नए न्यायिक कानूनों के माध्यम से भारत की आपराधिक न्याय प्रणाली को भारतीय आधार दिया गया है और ऐसी व्यवस्था स्थापित की जा रही है, जिसमें तीन साल के भीतर न्याय सुनिश्चित किया जा सके। शाह ने कहा कि सरकार ने नक्सलवाद को समाप्त करने की दिशा में भी निर्णायक प्रगति की है। इसके अलावा 14 से अधिक शांति समझौतों और 9,000 से अधिक लोगों के आत्मसमर्पण ने पूर्वोत्तर क्षेत्र को विकास के रास्ते पर आगे बढ़ाया है।

Related Articles

Back to top button